क्या आपके खेती में खंभा या डीपी है? है तो आपको मिल सकते है, हर महीने 5 से 10 हजार, जाने कैसे!

Farmers Transformer Subsidy :

अगर आप किसान है और आपके खेती में DP या खंभा है, तो किसानों को विद्युत अधिनियम के तहत 2003 की धारा 57 के तहत बहुत सा लाभ मिलता है।

लेकिन बहुत से किसानों को इस नियमों की जानकारी नहीं है या ऐसे भी किसान है जिन्हे कानून (MSEB) की जानकारी है लेकिन लाभ प्राप्त करने के तरीके नहीं जानते।

तो आज हम सभी किसानो को इस नियमों के बारेमे इस आर्टिकल में बताने वाले है, खास करके 2003 की धरा 57 के बारेमे बताने जा रहे है, इस लिए आपको इस आर्टिकल को अंत तक पड़ना होगा।

TATA Power Solar Dealership : टाटा सोलर पॉवर की फ्रैंचाइज़ी लेकर कमाए महीने के लाखो रुपये!

MSEB Farmers Transformer Subsidy :

Farmers Transformer Subsidy 2023

किसान (MSEB) द्वारा कनेक्शन के लिए लिखित आवेदन की तारीख से तीस दिनों के भीतर किसान को कनेक्शन प्राप्त होना चाहिए। नहीं मिलने पर कानून कहता है कि किसानों को प्रति सप्ताह 100 रुपये मुआवजा दिया जाएगा।

साथ ही अगर ट्रांसफार्मर में कोई फॉल्ट है तो कंपनी 48 घंटे के अंदर आपको ट्रांसफार्मर काम करके देंगी, नहीं मिलने पर इस (MSEB) एक्ट के तहत 50 रुपये की अनुशंसा भी की गई है।

Google Pay Instant Personal Loan गुगल पे दे रहा है सिर्फ 5 मिनट में ₹1 लाख तक का पर्सनल लोन, यहां से करें अपने मोबाइल पर आवेदन |

विद्युत अधिनियम 2003 की धारा 57 एवं अनुसूची क्रमांक 30(1) दिनांक 07/06/2005 के अनुसार विद्युत कृषकों को कंपनी के मीटर (MSEB) पर निर्भर रहने के स्थान पर अपना स्वयं का स्वतंत्र मीटर (MSEB) लगाने का अधिकार दिया जाया था।

कंपनी मीटर और घर (MSEB) के बीच केबल की लागत भी वहन करती है। ग्राहक नियम और शर्तों में शर्त संख्या 21 यह बताती है।

यहां से 10 मई तक तुरंत ऑनलाइन आवेदन करें

 Transformer Subsidy ka labh kaise le

उसके बाद अगर नया बिजली कनेक्शन (MSEB) यानी घरेलू कनेक्शन लेना हो तो पंद्रह सौ रुपये और कृषि पंप के लिए पांच हजार रुपये पोल और अन्य खर्चे भी कंपनी इस कानून के मुताबिक करती है।डीपी और पीओएल मिलकर किसानों को प्रति माह 2000 रुपये से 5000 रुपये बिजली मिलती है। बहुत किसानो को इसकी जानकारी नहीं है।

अगर कोई कंपनी बिजली को एक खेत से दूसरे खेत (MSEB) तक पहुंचाना चाहती है, तो उसे स्टेशनों, ट्रांसफार्मर, डीपी और खंभों को भी जोड़ना होगा।

तो इस जमीन का किराया प्राप्त करने के लिए (MSEB) कंपनी किसानों (MSEB) के साथ जमीन का किराया समझौता करती है और उसके तहत किसानों को दो से पांच हजार रुपये मिलते हैं। अगर आप बिजली कंपनी को अनापत्ति प्रमाण पत्र यानी NOC सर्टिफिकेट दिया है तो आप उस कंपनी से किराया नहीं वसूल सकते है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *